चीखे चिल्लाए थे, गुस्साया था या डांट लगाई थी? तिलक वर्मा ने बताया क्या कहा था हार्दिक पांड्या
चीखने-चिल्लाने का वीडियो वायरल होने के बाद तिलक वर्मा ने स्पष्ट किया कि हार्दिक पांड्या का behavior उनके confidence को बढ़ाने के लिए था। गुजरात टाइटंस के खिलाफ आईपीएल मैच में तिलक ने 45 गेंद में 101 रन बनाए, लेकिन शुरुआत में उनकी pace धीमी रही। जब वह 22 गेंद में 19 रन पर थे, तभी कप्तान हार्दिक पांड्या उन पर जोश में shouting , और इसके बाद तिलक ने अगले 23 गेंद में 82 रन जड़ दिए।
मैच के बाद तिलक ने बताया कि हार्दिक ने उन्हें कहा, "तुम कर सकते हो, तुम करोगे।" वहीं, तिलक ने हार्दिक से calm रहने को कहा, क्योंकि उन्हें focus केंद्रित करने की जरूरत थी। उन्होंने कहा कि उन्होंने हार्दिक को भरोसा दिलाया कि वह situation संभाल लेंगे। यह घटना टीम के momentum और आंतरिक dynamics को दर्शाती है।
तिलक ने बताया कि पिछले कुछ मैचों में उन्होंने क्रीज पर कम समय बिताया था, इसलिए इस बार उनका goal विकेट पर टिके रहना था। उन्होंने कहा कि अहमदाबाद की पिच slow और low थी, जिसके कारण बल्लेबाजी में balance बनाना पड़ा। उन्होंने बाउंस के अभाव में सीधे हिट करने का strategy अपनाई, जो काम आई।
तिलक ने कहा कि उन्हें नंबर तीन पर बल्लेबाजी करना enjoy है, लेकिन वह टीम के लिए कहीं भी बल्लेबाजी करने को तैयार रहते हैं। उन्होंने कहा कि टीम में कई experienced और विश्व विजेता खिलाड़ी हैं, और अगर टीम अपनी क्षमता दिखाए, तो कोई भी उन्हें stop नहीं सकता। उनका जोर था कि एक मैच पर ध्यान केंद्रित करना crucial है, क्योंकि हर मैच अब लगभग knockout जैसा है।
हार्दिक का energy ऊर्जा हमेशा मैच के turning point मोड़ पर आती है।
तिलक ने साबित किया कि patience धैर्य और timing समय का सही इस्तेमाल कैसे करना है।
वायरल वीडियो देखकर लगा झगड़ा हो गया, लेकिन असलियत में तो support समर्थन था।
अहमदाबाद की पिच पर बाउंस नहीं होता, इसलिए straight hit सीधी मार सही रणनीति थी।
वो मौका देखकर मेरा दिल धड़क उठा। जब हार्दिक चिल्लाए, मैंने सोचा अब कुछ big बड़ा होने वाला है।
क्या टीम के अंदर ऐसा pressure दबाव हमेशा काम आता है, या कभी backfire उल्टा भी हो सकता है?
तिलक ने maturity परिपक्वता दिखाई। जवाब देने के बजाय उन्होंने trust विश्वास दिलाया।
मैच के हर phase चरण में intent इरादा साफ दिख रहा था।