एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल बचाने उतरेगी टीम इंडिया, भारत में इस चैनल पर होगा लाइव टेलीकास्ट
एशियाई खेलों में गोल्ड मेडल की title को डिफेंड करने के लिए भारतीय क्रिकेट टीम आगामी एडिशन में मैदान में उतरेगी। 20वें एशियाई खेल 19 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 तक जापान के आईची-नागोया में आयोजित होंगे, और भारतीय प्रशंसक इसका लाइव टेलीकास्ट सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क तथा Sony LIV ऐप पर देख पाएंगे। यह broadcasting rights सोनी पिक्चर्स नेटवर्क्स इंडिया ने हासिल किए हैं, जो लगातार तीसरी बार इस टूर्नामेंट के आधिकारिक ब्रॉडकास्टर बना है।
पिछले एशियाई खेलों में भारत ने इतिहास रचा था, जब टीम ने कुल 107 पदक जीते — पहली बार 100 से अधिक पदक का आंकड़ा पार करते हुए। इसमें पुरुष क्रिकेट टीम ने गोल्ड मेडल जीता था, जिसका नेतृत्व रुतुराज गायकवाड़ ने किया था। अब इस championship को बरकरार रखना टीम के लिए न केवल एक pride की बात है, बल्कि बड़ी pressure भी है।
इस बार टूर्नामेंट में 41 खेलों में प्रतिस्पर्धा होगी, जिसमें ओलंपिक के 32 खेल शामिल हैं। नए खेलों में मिश्रित मार्शल आर्ट और सर्फिंग को जोड़ा गया है, लेकिन भारतीय दर्शकों की नजर सबसे ज्यादा क्रिकेट, कबड्डी और ई-स्पोर्ट्स पर रहेगी। पुरुष और महिला दोनों क्रिकेट टीमें प्रतिस्पर्धा में भाग लेंगी, लेकिन भारतीय पुरुष टीम के defending title का ड्रामा सबसे अधिक रोमांचक होगा।
सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क के खेल प्रमुख राजेश कौल ने कहा कि भारत के ऐतिहासिक प्रदर्शन ने मल्टी-स्पोर्ट्स इवेंट्स के प्रति दर्शकों की interest में उछाल लाया है। उन्होंने कहा, "क्रिकेट जैसे लोकप्रिय खेल के शामिल होने से इस बार टूर्नामेंट का appeal और बढ़ गया है।" स्ट्रीमिंग की सुविधा Sony LIV ऐप पर उपलब्ध रहेगी, जिससे युवा दर्शकों को लाइव coverage तक आसानी से पहुंच मिलेगी।
इस टूर्नामेंट में भारत के लिए न केवल पदक गिनती बढ़ाने का लक्ष्य होगा, बल्कि एशियाई स्तर पर खेलों में अपनी dominance को भी साबित करने का मौका होगा। खासकर क्रिकेट में गोल्ड बरकरार रखना नौजवान टीम के लिए एक प्रतिष्ठा का सवाल बन गया है। जहां सोनी नेटवर्क लाइव telecast की जिम्मेदारी निभाएगा, वहीं खिलाड़ी मैदान पर अपनी तैयारी और focus के साथ इतिहास दोहराने की कोशिश करेंगे।
क्रिकेट के लिए तो लगभग पूरा देश जाग जाता है। अगर live telecast लाइव प्रसारण Sony LIV पर है, तो डेटा का खतरा है, लेकिन देखना तो पड़ेगा!
सोनी लगातार तीसरी बार? ये तो अच्छा है, कम से कम consistent लगातार कवरेज मिलेगा। बस कोई बफरिंग न हो।
107 पदक? ये तो बहुत बड़ी बात है। पहले भारत एशियाई खेलों में इतना dominant प्रभावशाली नहीं था।
क्रिकेट में गोल्ड डिफेंड करना इतना आसान नहीं होगा। बांग्लादेश, श्रीलंका और अफगानिस्तान भी तैयार रहेंगे। pressure दबाव बहुत होगा।
नए खेल जैसे सर्फिंग? भारत के लिए तो ये बिल्कुल नई चुनौती होगी। क्या training प्रशिक्षण उसके लिए पर्याप्त है?
कौल साहब कह रहे हैं कि दिलचस्पी बढ़ी है, लेकिन क्या public interest जन आकर्षण बना रहेगा जब तक क्रिकेट नहीं आता?