FII-DII डेटा: शेयर बाजार में वापस लौटी एफआईआई की खरीदारी, डीआईआई ने बेचे 569 करोड़ रुपये के शेयर

बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में market के दो प्रमुख खिलाड़ियों के रुख में स्पष्ट अंतर देखा गया। विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) ने फिर से net buying की ओर कदम बढ़ाया, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशक (DII) ने लगातार बिकवाली जारी रखी। NSE के प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, FIIs ने 666 करोड़ रुपये की net investment की, जबकि DIIs ने 569 करोड़ रुपये की नेट बिकवाली की। यह विपरीत प्रवृत्ति निवेशकों के बीच अलग-अलग risk धारणा और भविष्य के प्रति market outlook को दर्शाती है।

विस्तृत डेटा बताता है कि FIIs ने इस दिन 18,076 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे और 17,409 करोड़ रुपये के बेचे, जिससे positive नेट प्रवाह बना। DIIs के लिए यह आंकड़ा 18,500 करोड़ रुपये की खरीद और 19,069 करोड़ रुपये की बिकवाली था। यह छोटे अंतर भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह दर्शाता है कि घरेलू संस्थान अपने पोर्टफोलियो में rebalancing कर रहे हैं, जबकि विदेशी निवेशक वर्तमान स्तरों पर buying opportunity देख रहे हैं।

इस दौरान बाजार का overall performance मजबूत रहा। Nifty 50 1.63 फीसदी बढ़कर 24,231.30 पर बंद हुआ, जबकि Nifty Bank 1.3 फीसदी की तेजी के साथ 56,300 के ऊपर रहा। विशेष रूप से midcap और smallcap शेयरों में जोरदार तेजी आई, जहां दोनों इंडेक्स 2.3 फीसदी से अधिक चढ़े। इसके अलावा, volatility कम होने का संकेत देते हुए India VIX 9 फीसदी गिरकर 18.65 पर पहुंच गया।

ऊर्जा, रियल्टी और PSU बैंक सहित कई सेक्टरों में तेजी का दौर जारी रहा। Nifty Energy 2.1 फीसदी ऊपर गया, Nifty Realty 2.5 फीसदी से अधिक बढ़ा और Nifty PSU Bank 1.1 फीसदी की बढ़त के साथ बंद हुआ। यह संकेत देता है कि निवेशक sector rotation की रणनीति अपना रहे हैं और मूल्य-संवेदनशील स्टॉक्स में interest बढ़ रही है।

हालांकि, वर्ष 2026 की शुरुआत से अब तक का समग्र रुख अलग रहा है। इस अवधि में FIIs ने 2.11 लाख करोड़ रुपये के शेयर बेचे हैं, जबकि DIIs ने 2.76 लाख करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की है। यह दर्शाता है कि घरेलू संस्थान इस वर्ष बाजार के primary support बने हुए हैं, जबकि विदेशी निवेशक सावधानी बरत रहे हैं। बुधवार की खरीदारी यह देखने का एक महत्वपूर्ण संकेत हो सकती है कि FIIs का confidence वापस आ रहा है।

प्रतिक्रियाएँ 6

  • बाजारवीर

    FII की खरीदारी हमेशा एक अच्छा संकेत होता है। लेकिन net inflow देखना जरूरी है, न कि सिर्फ खरीद।

  • निवेशिका

    DII बेच रहे हैं तो कहीं अपने लाभ को बुक नहीं कर रहे? profit booking तो नहीं?

  • सच्चा_देसी

    घरेलू निवेशक बेच रहे हैं और विदेशी खरीद रहे हैं। यही तो हमारा पुराना pattern है।

  • अर्थ_चिंतक

    PSU बैंक में तेजी अच्छी बात है, लेकिन क्या यह sustainable होगी? पहले भी ऐसा हुआ है।

  • स्टॉक_साधु

    VIX में गिरावट का मतलब है कि market sentiment सुधर रहा है। अच्छा संकेत।

  • गहरी_नजर

    क्या FII की खरीदारी वास्तविक confidence का संकेत है, या सिर्फ अल्पकालिक स्थिति से फायदा उठाना?

यह लेख तथ्यों पर आधारित है और अंग्रेज़ी सीखने के लिए पुनर्रचित किया गया है; पाठक प्रतिक्रियाएँ विविध दृष्टिकोणों के उदाहरण हैं।

[email protected]