CSK ने KKR को 32 रनों से हराया: ग्रीन, रिंकू और नरेन सब फेल
आईपीएल 2026 के 22वें मैच में चेन्नई सुपरकिंग्स ने कोलकाता नाइट राइडर्स को 32 रनों से हराकर अपनी लगातार दूसरी जीत दर्ज की। मैच चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में खेला गया, जहां केकेआर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का decision किया। चेन्नई के लिए संजू सैमसन ने 48 रन बनाए, जबकि डेवाल्ड ब्रेविस ने 41 रनों का योगदान दिया। इसके अलावा, आयुष म्हात्रे ने 17 गेंदों पर 38 रन की तेज आक्रामक पारी खेलकर momentum बनाए रखी।
सीएसके ने पांच विकेट खोकर 20 ओवर में 192 रन बनाए, जो केकेआर के लिए एक चुनौतीपूर्ण target था। केकेआर की बैटिंग शुरू से ही लड़खड़ाई। फिन एलन सिर्फ दूसरे ओवर में आउट हो गए, जबकि कैमरून ग्रीन पहली ही गेंद पर गोल्डन डक पर आउट हो गए—एक big निराशाजनक पल। रिंकू सिंह, जिनसे बहुत उम्मीदें थीं, महज 12 गेंदों में 6 रन बनाकर आउट हो गए।
रहाणे ने 28 रन बनाए, लेकिन नूर अहमद ने उन्हें अहम मोड़ पर आउट कर pressure बढ़ा दिया। सुनील नरेन ने 24 रन बनाए, लेकिन उनकी पारी भी लंबी नहीं चल सकी। रमनदीप सिंह और रोवमैन पॉवेल ने 50 रनों की साझेदारी करके उम्मीद जगाई, लेकिन टीम को final outcome तक नहीं पहुंचाया जा सका। केकेआर 7 विकेट खोकर 160 रन ही बना सकी।
चेन्नई की गेंदबाजी में नूर अहमद और अंशुल कंबोज ने अहम भूमिका निभाई। नूर ने 2 अहम विकेट लिए, जिसमें रहाणे और संजू सैमसन शामिल थे। इस जीत के साथ confidence में बढ़ोतरी हुई है, जबकि केकेआर के लिए चिंता बढ़ गई है। वे अब भी टूर्नामेंट में एकमात्र टीम हैं जिन्होंने अब तक कोई मैच नहीं जीता।
इस मैच ने साफ कर दिया कि चेन्नई की टीम अपने form में वापस आ रही है, जबकि केकेआर को तकनीकी और मानसिक दोनों तरह के issues का सामना करना पड़ रहा है। संजू और ब्रेविस की जोड़ी ने बल्लेबाजी में स्थिरता दिखाई, जबकि केकेआर के सितारे खिलाड़ी फिलहाल अपना impact नहीं छोड़ पा रहे।
नूर अहमद ने इस मैच में बहुत pressure दबाव डाला। उनकी गेंदबाजी देखकर लगा जैसे वो अगली बड़ी चीज हो सकते हैं।
ग्रीन, रिंकू, नरेन—तीनों फेल। टीम के पास कोई back-up बैक-अप प्लान नहीं लग रहा।
ब्रेविस फिर से शांत और आक्रामक दोनों रहे। वो चेन्नई के लिए असली game-changer गेम-चेंजर हैं।
लक्ष्य 192 था, लेकिन केकेआर की टीम ने पूरे chase चेज में लगातार विकेट गंवाए।
क्या रिंकू अब बड़े मैचों में दबाव में आ गए हैं? उनसे consistency लगातारपन की उम्मीद थी।
चेन्नई का आत्मविश्वास बढ़ रहा है। अगर वो इसी pace गति से खेलते रहे, तो प्लेऑफ़ की रेस में आगे बढ़ सकते हैं।