NASA Moon Fire Test: चांद की ग्रेविटी में आग बुझती नहीं बल्कि और भड़कती है, नासा कर रहा बड़ा टेस्ट!

नासा का अगला चंद्रमा प्रयोग आग के एक ऐसे पहलू को उजागर कर सकता है जो इंसानी बस्तियों के लिए biggest चुनौती बन सकता है: आग चंद्रमा की कम गुरुत्वाकर्षण वाली परिस्थितियों में न सिर्फ आसानी से बुझती नहीं, बल्कि कई बार spreads भी है। यह खोज अब एक नए मिशन के केंद्र में है — ‘फ्लेमेबिलिटी ऑफ मैटेरियल्स ऑन द मून’ या एफएम2। वैज्ञानिकों को आशंका है कि पृथ्वी पर जो सामग्री लगभग non-flammable है, वह चंद्रमा पर लंबे समय तक जल सकती है, जिससे जीवन रक्षा के लिए नए उपायों की आवश्यकता होगी।

पृथ्वी पर, आग के ऊपर उठने और eventually बुझने में गुरुत्वाकर्षण की बड़ी भूमिका होती है। गर्म गैसें हल्की होने के कारण ऊपर जाती हैं, जिससे आग के नीचे ताजी ऑक्सीजन की आपूर्ति जारी रहती है। कई बार इसी airflow के कारण आग खुद-ब-खुद बुझ जाती है, जिसे वैज्ञानिक 'ब्लोऑफ' कहते हैं। लेकिन चंद्रमा पर गुरुत्वाकर्षण पृथ्वी की तुलना में 1/6वां है। इसका अर्थ है कि गैसों का बहाव बहुत slower होता है। आग लगातार ऑक्सीजन प्राप्त करती है, लेकिन उसे बहाव से बुझाया नहीं जा सकता।

इसलिए नासा एफएम2 मिशन के जरिए चंद्रमा की सतह पर एक नियंत्रित वातावरण में चार अलग-अलग solid fuels को जलाकर उनके व्यवहार का अध्ययन करेगा। प्रयोग को ‘कमर्शियल लूनर पेलोड सर्विस’ के तहत चंद्रमा पर भेजा जाएगा। एक सीलबंद कक्ष में आधुनिक कैमरे, रेडियोमीटर और ऑक्सीजन सेंसर आग के विस्तार, तापमान और ऑक्सीजन की खपत को रियल-टाइम में रिकॉर्ड करेंगे। पिछले प्रयोगों में, जैसे सफायर टेस्ट, अंतरिक्ष में आग के गोलाकार फैलाव की पुष्टि हुई थी, जो पृथ्वी पर देखे गए लंबे लौ के pattern से बिल्कुल अलग थे।

यह प्रयोग सिर्फ विज्ञान के लिए नहीं, बल्कि भविष्य के चंद्र आधारों की safety के लिए भी महत्वपूर्ण है। अगर आग लगती है, तो वहां के ढांचे को कितना नुकसान होगा और उसे कैसे नियंत्रित किया जाएगा, यह सब इसी डेटा पर निर्भर करेगा। वैज्ञानिकों का मानना है कि पृथ्वी पर किए जाने वाले परीक्षण, जैसे NASA-STD-6001B, अंतरिक्ष की real conditions को प्रतिबिंबित नहीं करते, क्योंकि वे पूर्ण गुरुत्वाकर्षण में होते हैं।

एफएम2 प्रयोग कई मिनटों तक चलेगा, जो कि पृथ्वी पर किए जाने वाले केवल कुछ सेकंड के ड्रॉप टेस्ट या पैराबोलिक उड़ानों की तुलना में far more जानकारी देगा। नासा उम्मीद करता है कि इस डेटा से न केवल अग्निशमन तकनीकों का निर्माण होगा, बल्कि चंद्र आवासों के लिए नए निर्माण सामग्री के चयन में भी मदद मिलेगी। यह पहली बार होगा जब आंशिक गुरुत्वाकर्षण में आग के व्यवहार को लंबे समय तक अध्ययन किया जाएगा।

प्रतिक्रियाएँ 7

  • चांदवाली

    पृथ्वी पर आग बुझाना तो मुश्किल है, चांद पर तो imagine भी नहीं कर सकते कि कितना खतरनाक होगा।

  • विज्ञानप्रेमी

    कम ग्रेविटी में आग का गोल फैलाव वाकई अजीब लगता है। क्या यह oxygen flow पर निर्भर करता है?

  • अरविंदजी

    इतने महंगे टेस्ट के लिए funding कहां से आएगा? क्या यह सच में उतना जरूरी है?

  • सूरजराय

    अंतरिक्ष में आग के बारे में ये डेटा साइंस फिक्शन लेखकों के लिए भी gold है।

  • मोहनलाल

    अगर आग बुझाने का सिस्टम नहीं है, तो फिर चंद्रमा पर बसना risky से भरा होगा।

  • नीलाम

    मुझे डर है कि यह आग नियंत्रण की समस्या भविष्य के missions को रोक सकती है।

  • साहिल

    पृथ्वी पर जो चीजें सुरक्षित लगती हैं, वे चांद पर hazard बन सकती हैं। यह बहुत गंभीर है।

यह लेख तथ्यों पर आधारित है और अंग्रेज़ी सीखने के लिए पुनर्रचित किया गया है; पाठक प्रतिक्रियाएँ विविध दृष्टिकोणों के उदाहरण हैं।

[email protected]