ट्रंप की नाकाबंदी को ठेंगा दिखा होर्मुज से गुजरे ईरानी जहाज! देखता रह गया US

अमेरिका की ओर से घोषित ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी first day ही लगभग विफल साबित हुई है। इसके बावजूद कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने peace talks विफल होने के बाद यह कदम उठाया, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से मंगलवार को कम से कम आठ जहाज गुजरे, जिनमें तीन ईरान से जुड़े टैंकर भी शामिल थे। इससे साफ है कि नाकाबंदी का shipping पर तत्काल प्रभाव नहीं पड़ा।

अमेरिकी सेना के यूएस सेंट्रल कमांड का दावा है कि पहले 24 घंटों में कोई भी जहाज नाकाबंदी को नहीं cross कर पाया, लेकिन शिपिंग डेटा इसके विपरीत इशारा करता है। उदाहरण के तौर पर, पनामा के झंडे वाला ‘पीस गल्फ’ टैंकर संयुक्त अरब अमीरात के हमरिया बंदरगाह की ओर जा रहा था, जो ईरानी बंदरगाहों की ओर नहीं था, इसलिए इस पर नाकाबंदी का impact नहीं पड़ा।

इसके अलावा, अमेरिका द्वारा पहले ही बैन किए गए दो टैंकर भी खाड़ी से गुजर चुके हैं। ‘मुरलीकिशन’ इराक जा रहा है ईंधन लोड करने, जबकि ‘रिच स्टैरी’ 2.5 लाख बैरल मेथनॉल लेकर खाड़ी से बाहर निकलने वाला पहला बैन्ड जहाज बन सकता है। यह साफ दर्शाता है कि नाकाबंदी के तहत हर जहाज को नहीं stop जा रहा।

इस पूरी स्थिति ने shipping companies , तेल उद्योग और वॉर-रिस्क बीमा क्षेत्र के लिए चुनौती बढ़ा दी है। पहले रोजाना 130 से अधिक जहाज होर्मुज से गुजरते थे, लेकिन अब यह संख्या काफी drop चुकी है। अमेरिकी युद्धपोत ओमान की खाड़ी में तैनात हैं, निगरानी के लिए, लेकिन जहाजों पर हमला नहीं किया जा रहा, बल्कि उन्हें redirect पर मजबूर किया जा रहा है।

चीन ने इस कदम को 'खतरनाक और गैर-जिम्मेदाराना' बताया है। चीन के विदेश मंत्रालय ने कहा कि ऐसे tension बढ़ाने वाले कदम से क्षेत्र में अस्थिरता बढ़ेगी। इटली के जेनोआ विश्वविद्यालय के प्रोफेसर फाब्रिजियो कोटिकिया के अनुसार, यह नाकाबंदी चयनित निगरानी पर आधारित है, न कि पूर्ण रोक पर — जो कि एक बड़ा difference है।

प्रतिक्रियाएँ 6

  • गहराब

    इतनी महंगी नाकाबंदी की योजना, लेकिन पहले दिन ही छलनी। क्या यह निरोध की बजाय दिखावा है?

  • सागर_पायलट

    मैं एक जहाज के क्रू मेंबर के तौर पर कह सकता हूँ — हम अब भी route बदलने पर मजबूर हैं। लेकिन बीमा की दरें आसमान छू रही हैं।

  • तेल_विशेषज्ञ

    असली सवाल यह नहीं कि कितने जहाज गुजरे, बल्कि यह है कि कितने नहीं गुजरे। market पर इसका असर आने वाले दिनों में साफ दिखेगा।

  • राजनीति_बाज

    ट्रंप का यह कदम सिर्फ pressure बनाने के लिए है, न कि युद्ध शुरू करने के लिए। लेकिन क्या ईरान पीछे हटेगा?

  • नीति_चिंतक

    अमेरिका को लगता है कि वह control में है, लेकिन शिपिंग रूट्स इतने जटिल हैं कि पूर्ण नाकाबंदी लगभग असंभव है।

  • प्रतिक्रिया_दाता

    देखा? चीन ने सही कहा — यह कदम बस tension बढ़ाएगा। शांति की बजाय टकराव की ओर बढ़ रहे हैं हम।

यह लेख तथ्यों पर आधारित है और अंग्रेज़ी सीखने के लिए पुनर्रचित किया गया है; पाठक प्रतिक्रियाएँ विविध दृष्टिकोणों के उदाहरण हैं।

[email protected]