टी20 का 'मिस्टर जीरो': जिसने 16 बार डक पर आउट होकर बनाया अजीब रिकॉर्ड
टी20 अंतरराष्ट्रीय cricket में जीत के पल तो हमेशा याद रहते हैं, लेकिन कुछ खिलाड़ी ऐसी record बना जाते हैं जो शायद वो खुद भूलना चाहें। जीरो पर आउट होना हर बल्लेबाज का कोशिश होता है, लेकिन कुछ ऐसे हैं जिनके नाम इसी failure के साथ इतिहास में दर्ज हैं। और इस मामले में श्रीलंका के captain दासुन शनाका एक अजीब शीर्ष स्थान पर हैं।
दासुन शनाका ने अब तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा 16 बार डक पर आउट होने का unwanted रिकॉर्ड बना लिया है। वे अपने देश के लिए 131 मैच खेल चुके हैं और 1912 रन बना चुके हैं, लेकिन उनकी इस achievement ने उन्हें एक अजीब महिमा दिलाई है। यह रिकॉर्ड पहले आयरलैंड के पॉल स्टर्लिंग के नाम था, जो 14 बार जीरो पर आउट हुए थे — लेकिन शनाका ने उन्हें भी पीछे छोड़ दिया।
तीसरे स्थान पर हैं बांग्लादेश के सौम्य सरकार, जिन्होंने 87 मैचों में 13 बार dismissal होने का दुखद अहसास किया। उनके बाद आयरलैंड के केविन ओ'ब्रायन — एक समय के आक्रामक बल्लेबाज — 110 मैचों में 12 बार जीरो पर लौटे। ये खिलाड़ी अपनी तेज पारियों के लिए जाने जाते थे, लेकिन इस form में उनकी शुरुआत हमेशा मुश्किल भरी रही।
और फिर वो नाम जो भारतीय प्रशंसकों के लिए थोड़ा bitter लग सकता है — रोहित शर्मा। हिटमैन के नाम से मशहूर ये बल्लेबाज टी20 इतिहास के सबसे बड़े scorer में से एक हैं, लेकिन वे 151 पारियों में 4231 रन बनाने के बावजूद 12 बार डक पर आउट हुए। उन्होंने भारत को टी20 विश्व कप जिताया, लेकिन अब वे इस format से संन्यास ले चुके हैं। जीरो की सूची में एक महान बल्लेबाज का नाम देखकर तार्किक विरोधाभास महसूस होता है।
यह आंकड़ा बताता है कि क्रिकेट में निरंतरता कितनी महत्वपूर्ण है। कोई भी खिलाड़ी चाहे जितना बड़ा स्कोरर क्यों न हो, mistake कर सकता है। जीरो पर आउट होना शायद उसकी career की सबसे छोटी घटना हो, लेकिन मीडिया और इतिहास उसे बड़ा बना देते हैं। शनाका का रिकॉर्ड एक reminder है कि हर बड़ी उपलब्धि के पीछे कई छोटी असफलताएं छिपी होती हैं।
16 बार जीरो? ये तो आपदा है, कप्तानी वाली जिम्मेदारी के साथ ये दबाव बहुत बड़ा होता है।
रोहित शर्मा 12 बार डक? मुझे लगता था वो हमेशा बड़े स्कोर बनाते हैं।
क्या टीम में खिलाड़ियों को जीरो पर आउट होने के लिए कोई penalty जुर्माना देना चाहिए?
ओ'ब्रायन जैसे आक्रामक बल्लेबाज का 12 बार डक पर आउट होना frustrating निराशाजनक है, लेकिन उनके शतक उसे भुला देते हैं।
अगर कोई खिलाड़ी इतनी बार जीरो पर आउट हो रहा है, तो क्या उसे ओपनिंग से हटाना चाहिए?
रोहित शर्मा के 4231 रन हैं, 12 डक इसके मुकाबले कुछ नहीं। वो legend दंतकथा हैं।
शनाका के 1912 रन भी तो हैं, लेकिन लोग सिर्फ उनके 16 डक याद रखेंगे। क्रिकेट कितना निष्ठुर हो सकता है।
इस तरह के आंकड़े दिखाते हैं कि आंकड़े कितनी बार एक गलत तस्वीर बना देते हैं।