ब्रह्मांड में होने वाली है सबसे बड़ी टक्कर! 100 साल में आपस में भिड़ेंगे दो दानव 'ब्लैक होल', धरती पर भी दिखेगा प्रभाव?
ब्रह्मांड में एक ऐसी भव्य घटना तैयार हो रही है जिसे आज की मानव पीढ़ी शायद अपने जीवनकाल में ही देख पाएगी। वैज्ञानिकों ने दो supermassive ब्लैक होल की पहचान की है, जो तेजी से एक-दूसरे की ओर बढ़ रहे हैं। अनुमान है कि अगले 100 साल के भीतर ये दोनों एक-दूसरे से टकरा जाएंगे। हैरानी की बात यह नहीं है कि टक्कर होगी, बल्कि यह है कि यह घटना इतनी जल्दी होने वाली है। ब्रह्मांड के हिसाब से 100 साल बस एक पलक झपकने जैसा समय है।
यह collision एक दूर की आकाशगंगा, 'मार्कारियन 501' में हो रही है, जो हमसे लगभग 450 से 500 मिलियन प्रकाश वर्ष दूर है। इसके केंद्र में दो सुपरमैसिव ब्लैक होल हैं, जिनमें से प्रत्येक का द्रव्यमान हमारे सूरज से करोड़ों से अरब गुना अधिक है। जब ऐसे भारी objects एक-दूसरे के पास आते हैं, तो वे अपार ऊर्जा पैदा करते हैं। वैज्ञानिकों को पहला संकेत तब मिला जब रेडियो टेलीस्कोप से दो अलग-अलग ऊर्जा जेट दिखाई दिए।
इन ब्लैक होल्स के बीच की दूरी ब्रह्मांडीय मापदंडों के हिसाब से बहुत कम है, जिसके कारण वे एक-दूसरे के चारों ओर लगभग 121 दिन में एक चक्कर पूरा करते हैं। यह घटना orbital decay का उदाहरण है, जिसमें दोनों के बीच की दूरी धीरे-धीरे घटती जा रही है। जैसे-जैसे वे करीब आते हैं, उनकी गति बढ़ती जाती है, और टक्कर के समय विशालकाय gravitational waves पैदा होंगी।
इन तरंगों से अंतरिक्ष-समय के ताने-बाने में हलचल होगी, जिसे हम सीधे नहीं महसूस कर पाएंगे, लेकिन उन्नत उपकरण जैसे LIGO या भावी अंतरिक्ष-आधारित डिटेक्टर इसे detect सकते हैं। वैज्ञानिकों का मानना है कि यह घटना ब्लैक होल के विकास और आकाशगंगाओं के विकास को समझने के लिए एक बेहद महत्वपूर्ण opportunity होगी।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इससे धरती पर कोई risk है? वैज्ञानिकों का स्पष्ट कहना है कि नहीं। घटना इतनी दूर है कि इसका सीधा असर हम पर नहीं पड़ेगा। लेकिन जब गुरुत्वाकर्षण तरंगें धरती तक पहुंचेंगी, तो वे हमारे वैज्ञानिक उपकरणों के लिए एक शानदार signal छोड़ेंगी — एक ऐसी घटना का संदेश जो आकाशगंगाओं के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
अगर ये गुरुत्वाकर्षण तरंगें इतनी शक्तिशाली हैं, तो क्या वे signal संकेत के रूप में हमारे उपकरणों के लिए स्पष्ट होंगी?
121 दिन में चक्कर लगाना... ये तो बहुत तेज़ है! ब्रह्मांड में ये लगभग एक record रिकॉर्ड होगा।
ये तो बहुत बड़ा discovery खोज है, लेकिन क्या हम वाकई में इस टक्कर को देख पाएंगे, या सिर्फ उसके प्रभाव को महसूस कर पाएंगे?
इतने बड़े ब्लैक होल एक-दूसरे की ओर बढ़ रहे हैं, लेकिन हमें no risk कोई जोखिम नहीं। यही खूबसूरती है विज्ञान की।
क्या टक्कर के बाद एक नया, और भी बड़ा ब्लैक होल बनेगा? ये प्रक्रिया कैसे होगी? बहुत fascinating दिलचस्प है।
100 साल... बस इतना समय? ये वैज्ञानिकों के लिए एक जीवनकाल का अवसर है।